Chandra Grahan 2025 : साल का पहला चद्रंग्रहण कब जानें !

Chandra Grahan 2025 : साल का पहला चद्रंग्रहण कब जानें !

Chandra Grahan 2025 Date And Time : साल 2025 का पहला चंद्र ग्रहण 14 मार्च को होली के दिन लगेगा। यह खग्रास चंद्र ग्रहण होगा, जो भारत में दिखाई नहीं देगा। ग्रहण का समय सुबह 9:29 बजे से दोपहर 3:29 बजे तक रहेगा। वर्ष 2025 में कुल चार ग्रहण लगने वाले हैं, जिनमें से पहला ग्रहण चंद्र ग्रहण होगा। यह ग्रहण फाल्गुन शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा के दिन घटित लगेगा। यह एक खग्रास चंद्र ग्रहण होगा, जिसका ज्योतिषीय प्रभाव महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पंचांग के अनुसार यह चंद्र ग्रहण सिंह राशि और उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र में घटित होगा। इस कारण सिंह राशि और उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र से जुड़े जातकों के लिए यह ग्रहण शुभ संकेत लेकर आ सकता है। हालांकि, यह ग्रहण किस हद तक प्रभावी रहेगा और भारत में इसे देखा जा सकेगा या नहीं आइए इसके बारे में विस्तार से जानते हैं। 

चंद्र ग्रहण की तिथि और समय..

साल 2025 का पहला चंद्र ग्रहण 14 मार्च को लगेगा। यह ग्रहण फाल्गुन शुक्ल पूर्णिमा के दिन घटित होगा।
ग्रहण प्रारंभ होने का समय: सुबह 10 बजकर 41 मिनट
ग्रहण समाप्त होने का समय: दोपहर 2 बजकर 18 मिनट
इस ग्रहण की कुल अवधि 3 घंटे 37 मिनट की होगी।

क्या भारत में यह चंद्र ग्रहण दिखाई देगा?

यह चंद्र ग्रहण मुख्य रूप से ऑस्ट्रेलिया, यूरोप के अधिकांश भाग, अफ्रीका के बड़े हिस्से, प्रशांत, अटलांटिक और आर्कटिक महासागर, उत्तरी और दक्षिणी अमेरिका, पूर्वी एशिया तथा अंटार्कटिका में स्पष्ट रूप से देखा जा सकेगा। हालांकि, भारत में इस ग्रहण का दृश्य रूप से अवलोकन संभव नहीं होगा, क्योंकि यह भारतीय समयानुसार दिन में घटित होगा, जब चंद्रमा आकाश में दृष्टिगोचर नहीं होगा।

इसे भी पढ़े – Delhi Railway Station : दिल्ली स्टेशन पर क्यों और कैसे हुआ हादसा जानें !

ग्रहण के समय ग्रहों की स्थिति और प्रभाव

ज्योतिषीय दृष्टि से यह चंद्र ग्रहण सिंह राशि और उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र में लगेगा, जो इसे विशेष रूप से प्रभावशाली बनाता है। ग्रहण के समय चंद्रमा अपनी राशि सिंह में रहेगा।जबकि सूर्य और शनि चंद्रमा के सातवें भाव में स्थित होकर उस पर पूर्ण सप्तम दृष्टि डालेंगे, जिससे ग्रहण का प्रभाव तीव्र होगा।केतु चंद्रमा के द्वितीय भाव में स्थित रहेगा, जिससे मानसिक तनाव की स्थिति बन सकती है।राहु, बुध और शुक्र चंद्रमा के आठवें भाव में स्थित होंगे, जिससे कुछ राशियों पर मिश्रित प्रभाव पड़ेगा।गुरु (बृहस्पति) चंद्रमा के दशम भाव में रहेगा, जिससे धार्मिक और आध्यात्मिक प्रवृत्तियों में वृद्धि होगी।मंगल चंद्रमा के एकादश भाव में स्थित रहेगा, जो साहस और ऊर्जा को बढ़ाने का कार्य करेगा।

ग्रहण का प्रभाव

चंद्र ग्रहण का प्रभाव सभी राशियों पर अलग-अलग प्रकार से पड़ेगा, लेकिन विशेष रूप से सिंह राशि और उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र में जन्मे लोगों के लिए यह महत्वपूर्ण रहेगा। यह ग्रहण कुछ लोगों के लिए आर्थिक उन्नति और आत्मविश्वास में वृद्धि का संकेत देगा, जबकि कुछ लोगों को सावधानी बरतने की आवश्यकता हो सकती है।

नवीनतम वीडियो समाचार अपडेट प्राप्त करने के लिए संस्कार न्यूज़ को अभी सब्सक्राइब करें

CATEGORIES
TAGS
Share This
Social Media Auto Publish Powered By : XYZScripts.com